मुंबई: किसान कर्ज माफी योजना के लिए 4,000 करोड़ रुपये जारी करने की मंजूरी राज्य सरकार ने दे दी है। इससे पात्र कर्जदारों के बैंक खातों में लाभ की रकम जमा होने का रास्ता खुल गया है।
सहकारिता विभाग के सरकारी प्रस्ताव (जीआर) के मुताबिक योजना के बजट मद के तहत 6,551 करोड़ रुपये उपलब्ध थे। इसमें से 4,000 करोड़ रुपये जारी करने को सरकार ने स्वीकृति दी। सहकारी समितियों के आयुक्त और निबंधक ने 21 अक्टूबर को इसके लिए प्रस्ताव दिया था।
पुण्यश्लोक अहिल्यादेवी होल्कर किसान कर्ज माफी योजना, 2026 को राज्य मंत्रिमंडल ने इस साल 2 जून को मंजूरी दी थी। 2026-27 के लिए अनुपूरक मांगों से 20,552 करोड़ की व्यवस्था की गई थी। इसमें से 14,001 करोड़ रुपये पहले के जीआर से आयुक्त को उपलब्ध करा दिए गए थे। अब की 4,000 करोड़ के साथ कुल उपलब्ध रकम 18,001 करोड़ हो गई है। साल की व्यवस्था में से 2,551 करोड़ रुपये अभी दिए जाने हैं।
किसानों के सबसे बड़े सवाल का जवाब मगर जीआर में नहीं है — कितने कर्जदारों को लाभ मिलेगा और हर किसान के लिए माफी की सीमा क्या होगी। जीआर सिर्फ बजट व्यवस्था, जारी रकम और उसके पीछे के प्रस्ताव तक सीमित है।
यह फैसला ऐसे हफ्ते में आया है जब मंत्रिमंडल ने मंगलवार को सूखा प्रभावित किसानों को 5,000 रुपये अग्रिम सहायता देने का निर्णय लिया था। इसके लिए 7,500 करोड़ की व्यवस्था है और मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने अधिकारियों को 1.5 करोड़ किसानों के खातों में रकम डालने का निर्देश दिया था। बैंक इस रकम से कोई कटौती न करें, ऐसा भी निर्देश है।
मुख्यमंत्री ने बताया था कि माइक्रोफाइनेंस कंपनियों की जबरन वसूली रोकने के लिए भारतीय रिजर्व बैंक से बात की गई है।
ग्रामीण कर्ज में बड़ी हिस्सेदारी रखने वाली सहकारी समितियां इस नई रकम से पात्र खातों की प्रक्रिया कर लाभ जमा करेंगी।