नई दिल्ली : पोलैंड के प्रधानमंत्री डोनाल्ड टस्क ने गुरुवार को दिल्ली में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात की। बातचीत में व्यापार, रक्षा और प्रौद्योगिकी क्षेत्रों में सहयोग शामिल रहा। 16 साल में पोलैंड के प्रधानमंत्री की यह पहली भारत यात्रा है।
हैदराबाद हाउस में उच्चस्तरीय द्विपक्षीय वार्ता के बाद दोनों नेताओं ने संयुक्त प्रेस वक्तव्य दिया। टस्क ने कहा कि वे "भारतीय सिलिकॉन वैली का दिल" कहे जाने वाले बेंगलुरु जाएंगे और उनके साथ उद्यमी व प्रबंधक, साथ ही पोलैंड की अंतरिक्ष एजेंसी और अंतरिक्ष उद्योग तथा नई तकनीक की प्रमुख कंपनियों के प्रतिनिधि होंगे।
इससे पहले दिन में टस्क ने राजघाट का दौरा किया। अधिकारियों ने बताया कि बातचीत में द्विपक्षीय व्यापार, प्रौद्योगिकी और रणनीतिक संबंध गहरे करने पर चर्चा हुई।
पूर्वी यूरोप में सुरक्षा दबाव के बीच अपनी सैन्य क्षमता बढ़ा रहा पोलैंड भारत के घरेलू विनिर्माण कार्यक्रमों में साझेदारी की ओर देख रहा है। पोलैंड के रक्षा उद्योग ने भारतीय कार्यक्रमों में दिलचस्पी दिखाई है।
यूरोपीय साझेदारों के साथ संबंध मजबूत करने की भारत की कोशिशों के तहत भी यह यात्रा अहम है। अधिकारियों के मुताबिक व्यापार, रक्षा और रूस-यूक्रेन संघर्ष के मुद्दों पर चर्चा होगी।
यूक्रेन और पश्चिम एशिया में शांति लाने के हर सार्थक प्रयास का भारत समर्थन करेगा, मोदी ने कहा है। दोनों पक्ष आर्थिक सहयोग और लोगों के बीच आवागमन पर भी बात करेंगे।
भारत और पोलैंड के संबंध पुराने हैं। पोलैंड यूरोप का अहम साझेदार माना जाता है। रक्षा क्षेत्र में सहयोग पर खास जोर है और पोलैंड की कंपनियों ने भारत में निवेश में दिलचस्पी दिखाई है। अंतरिक्ष क्षेत्र में भी दोनों देशों के बीच सहयोग की संभावना है। व्यापार के साथ तकनीक और नवाचार के क्षेत्र में भी सहयोग बढ़ाने पर चर्चा हुई।