मुख्यमंत्री अन्त्योदय परिवार उत्थान योजना के तहत पिछवाड़े में मुर्गी पालन इकाइयों की स्थापना की योजना
योजना के बारे में
हरियाणा सरकार के पशुपालन और डेयरी विभाग द्वारा "मुख्यमंत्री अन्त्योदय परिवार उत्थान योजना के तहत पिछवाड़े में मुर्गी पालन इकाइयों की स्थापना के लिए योजना" लागू की गई है। इस योजना के तहत, सरकारी हैचरी फार्म से 10 दिन की उम्र के 50 चूजों के साथ-साथ दो फीडर और दो पानी पीने वालों को प्रत्येक लाभार्थी परिवार को उनके घर पर मुफ्त प्रदान किया जाता है। हरियाणा का कोई भी बेरोजगार निवासी जिसकी आयु 18 से 60 वर्ष के बीच है, इस योजना के तहत लाभ उठाने का पात्र है।
लाभ
- 50 चूजे, सरकारी हैचरी में पाले गए 10 दिन के बच्चे के साथ-साथ दो फीडर और दो पानी पीने वाले प्रत्येक लाभार्थी परिवार को उनके घर पर मुफ्त प्रदान किए जाते हैं।
पात्रता
- आवेदक हरियाणा का निवासी होना चाहिए। 2. आवेदक बेरोजगार होना चाहिए। 3. आवेदक की आयु 18 से 60 वर्ष के बीच होनी चाहिए। 4. कोई अनिवार्य शैक्षिक योग्यता या प्रशिक्षण आवश्यकताएँ नहीं हैं।
आवेदन कैसे करें
Offline
पात्र आवेदक अपने गाँव के निकटतम पशु चिकित्सा अस्पताल से संपर्क कर सकता है-आवेदक अपना आवेदन पत्र अपने जिले के उप निदेशक/उप-मंडल कार्यालय में जमा कर सकता है।
आवश्यक दस्तावेज़
- पहचान प्रमाण अर्थात आधार कार्ड
- पासपोर्ट आकार की तस्वीर
- निवास का प्रमाण
- परिवार पहचन पत्र (पीपीपी आईडी)
- आवश्यकतानुसार कोई अन्य दस्तावेज
कौन पात्र नहीं है
- किसी भी समूह/फर्म/संगठन को योजना के तहत आवेदन करने की अनुमति नहीं दी जाएगी, क्योंकि यह योजना व्यक्तिगत लाभार्थी-उन्मुख है।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
- इस योजना के तहत क्या लाभ प्रदान किए जाते हैं?
लाभार्थियों को 10 दिन के 50 बच्चे, दो फीडर और दो पानी पीने वाले मुफ्त मिलते हैं।
- इस योजना के लिए कौन आवेदन करने के योग्य है?
हरियाणा के 18 से 60 वर्ष की आयु के बेरोजगार निवासी आवेदन करने के पात्र हैं।
- क्या इस योजना के लिए आवेदन करने के लिए कोई शैक्षणिक योग्यता आवश्यक है?
नहीं, कोई अनिवार्य शैक्षिक योग्यता या प्रशिक्षण आवश्यकताएँ नहीं हैं।
- क्या संगठन या समूह इस योजना के लिए आवेदन कर सकते हैं?
नहीं, यह योजना व्यक्तिगत लाभार्थी-उन्मुख है और किसी भी समूह, फर्म या संगठन के लिए खुली नहीं है।
- चूजे कहाँ से आते हैं?
चूजों को एक सरकारी हैचरी फार्म में पाला जाता है।
- लाभार्थियों को चूजों की डिलीवरी कैसे की जाती है?
फ़ीडर और पानी पीने वालों के साथ चूजों को लाभार्थियों के घर तक पहुँचाया जाता है।
- इस योजना के लिए आवेदन करने की प्रक्रिया क्या है?
योग्य आवेदक निकटतम पशु चिकित्सा अस्पताल से संपर्क कर सकते हैं या संबंधित जिले के उप-निदेशक/उप-मंडल कार्यालय में अपने आवेदन पत्र जमा कर सकते हैं।
- क्या लाभार्थियों के लिए कोई लागत शामिल है?
नहीं, चूजों, फ़ीडर और पानी पीने वालों को मुफ्त में प्रदान किया जाता है।
- क्या कोई कर्मचारी इस योजना के लिए आवेदन कर सकता है?
नहीं, पात्र होने के लिए आवेदक को बेरोजगार होना चाहिए।
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