मुंबई: अभिनेता इम्रान खान ने मतदाता सूची की विशेष पुनरीक्षण प्रक्रिया (SIR) के खिलाफ प्रदर्शन में शामिल होने पर सोमवार को बॉम्बे हाई कोर्ट में बिना शर्त माफी मांगी। कोर्ट ने उनकी 'भारत छोड़ो' नोटिस पर रोक सात दिसंबर तक बढ़ा दी।
42 वर्षीय इम्रान खान अमेरिकी नागरिक हैं और उनके पास ओवरसीज सिटिजन ऑफ इंडिया (OCI) कार्ड है। 10 अक्टूबर को मुंबई में हुए प्रदर्शन में शामिल होने के बाद विदेशी नागरिक पंजीकरण कार्यालय (FRRO) ने उन्हें 28 अक्टूबर तक देश छोड़ने की नोटिस दी थी।
मुख्य न्यायाधीश महेश चंद्र त्रिपाठी और न्यायमूर्ति अद्वैत सेठना की खंडपीठ के सामने सुनवाई हुई। कोर्ट ने कहा कि OCI कार्डधारक भारतीय नागरिकों के बराबर नहीं माने जा सकते। कोर्ट ने कहा, "वहां आपका कोई वास्ता ही नहीं था... आप OCI कार्डधारक हैं और भारतीय नागरिकों के बराबर नहीं हैं, यह समझिए।"
कोर्ट ने यह भी कहा, "वह कई साल से हमारे देश में रह रहे हैं, यहां काम किया और यहीं से पहचान बनाई; इसे देखते हुए आपको बड़ा दिल दिखाना चाहिए।"
खान ने अपनी माफी में साफ किया कि प्रदर्शन के आयोजकों से उनका कोई संबंध नहीं था और परिणाम क्या होंगे, इसका उन्हें अंदाज नहीं था। उन्होंने भविष्य में भारत में किसी राजनीतिक प्रदर्शन में शामिल न होने का भरोसा भी दिया।
केंद्र सरकार की ओर से अतिरिक्त सॉलिसिटर जनरल अनिल सिंह ने किसी भी संरक्षण का विरोध किया। उन्होंने आरोप लगाया कि खान ने सोशल मीडिया पर लोगों को भड़काया; यह आरोप अब तक साबित नहीं हुआ है। खान की ओर से वकील वेंकटेश धोंड ने कहा कि वह केवल उत्सुकता में वहां गए थे और आंदोलन से उनका कोई संबंध नहीं था।
कोर्ट ने साफ किया कि माफी और भरोसा आगे ऐसे कामों के लिए हरी झंडी नहीं माना जाए। विदेशी नागरिकत्व और विदेशी नागरिक कानून 2025 की धारा 7 और 29 के तहत कार्रवाई हुई है।
खान को 10 अक्टूबर को पुलिस ने हिरासत में लिया था। भाजपा नेता किरीट सोमैया ने उनके खिलाफ लुक आउट नोटिस जारी करने की मांग गृह मंत्रालय से की थी।
अगली सुनवाई सात दिसंबर को होगी। तब तक FRRO खान की बात सुनकर फैसला करे, ऐसा कोर्ट ने कहा है।