गाजियाबाद: वसुंधरा पुलिस चौकी की पिछली दीवार के पास शुक्रवार रात करीब नौ बजे धमाका हुआ. चौकी की दो खिड़कियों के कांच टूट गए, दीवार में दरार आ गई और एसी को नुकसान पहुंचा. अंदर मौजूद सब-इंस्पेक्टर विकास सिंह बच गए.
चौकी पर खाना पहुंचाने आए इसहान (करीब 20 साल, अर्थला निवासी) के चेहरे और सिर पर कांच के टुकड़े लगे. उन्हें नजदीकी अस्पताल ले जाया गया, हालत स्थिर बताई गई.
घटना के कुछ घंटों बाद 'गाजी 2' नाम के एक्स अकाउंट से 'तहरीक-उल-मुजाहिदीन हिंदुस्तान' के नाम पर जिम्मेदारी का दावा करने वाला वीडियो और बयान सामने आया. इसमें उर्दू और हिंदी में बोलता एक नकाबपोश व्यक्ति दिखता है. पुलिस ने दावे की जांच शुरू की है, पुष्टि नहीं की.
गाजियाबाद के पुलिस कमिश्नर जे. रविंदर गौड़ ने कहा कि धमाके की वजह अभी तय नहीं हुई है. "बम निरोधक दस्ता, फील्ड यूनिट और फोरेंसिक टीम ने सबूत जुटाए हैं. हर पहलू से जांच चल रही है," उन्होंने कहा.
शनिवार को एनआईए, दिल्ली पुलिस के स्पेशल सेल, यूपी एटीएस, एसटीएफ और आईबी की टीमों ने मौके का मुआयना किया. एटीएस के डीआईजी अभिषेक यादव ने भी चौकी पहुंचकर जायजा लिया.
शुरुआती जांच में मौके पर विस्फोटक सामग्री, बारूद या रसायन के अंश नहीं मिले, ऐसा ट्रांस-हिंडन जोन के डीसीपी रिजुल कुमार ने बताया. नमूने आगरा की प्रयोगशाला भेजे गए हैं.
चौकी के ऊपर से गुजरता हिंडन एलिवेटेड रोड करीब 35 फुट ऊंचा है. वहां से कुछ फेंका गया था या नहीं, यह जांच का अहम सवाल है. उसी रोड पर करीब डेढ़ किलोमीटर दूर खड़ी दिल्ली में रजिस्टर्ड स्कूटी जब्त की गई. मालिक मोमिन ने पूछताछ में सहयोग किया, धमाके से उसका संबंध अब तक नहीं जुड़ा.
चौकी में रखे पटाखे या खराब एसी से धमाका हुआ होगा, यह भी जांचा जा रहा है. इनमें से कोई वजह तय नहीं हुई है.
इंदिरापुरम थाने में विस्फोटक पदार्थ अधिनियम, सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुंचाने के निषेध अधिनियम और भारतीय न्याय संहिता की धारा 326(एफ), 326(जी) तथा 132 के तहत केस दर्ज हुआ है. जांच जारी है.