मुख्य सामग्री पर जाएं
मुख्यमंत्रीमुख्यमंत्री
कारोबारमहाराष्ट्र

एआई शेयरों से पैसा निकला, भारत की ओर बढ़ा; एक हफ्ते में विदेशी निवेश 38,971 करोड़

दुनिया भर में एआई कंपनियों के शेयर गिरने के बीच विदेशी निवेशकों ने भारतीय बाजार में एक हफ्ते में 38,971 करोड़ रुपये की शुद्ध खरीदारी की। एनएसडीएल के आंकड़ों के मुताबिक कुल खरीद 1.42 लाख करोड़ रुपये रही।

· · 1 मिनट में पढ़ें

मुंबई: दुनिया भर में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस यानी एआई कंपनियों के शेयरों पर दबाव बढ़ा है, और विदेशी निवेशकों ने रुख भारत की ओर कर लिया है। एनएसडीएल के आंकड़ों के मुताबिक एक हफ्ते में विदेशी पोर्टफोलियो निवेशकों ने भारतीय शेयरों में 38,971 करोड़ रुपये की शुद्ध खरीदारी की।

इस हफ्ते कुल खरीद 1.42 लाख करोड़ रुपये और बिक्री 1.03 लाख करोड़ रुपये रही। अंतर 38,971 करोड़ का है। महीने की शुरुआत से जुड़ा आंकड़ा इससे बड़ा है, ऐसा बाजार की रिपोर्ट बताती हैं।

पैसा क्यों लौटा, यह अहम है। बीते महीने एआई से जुड़े शेयरों में दुनिया भर में करीब 13.4 फीसदी की गिरावट आई। इससे वहां मुनाफावसूली शुरू हुई और पैसा उभरते बाजारों की ओर मुड़ा। भारत के मामले में अगले साल की कमाई का अनुमान बेहतर होने की बात भी कही जा रही है।

इसी दौर में घरेलू सूचकांक चढ़े। शुक्रवार को निफ्टी 493.75 अंक बढ़कर 25,030.35 पर बंद हुआ। पश्चिम एशिया में संघर्ष शुरू होने के बाद पहली बार निफ्टी ने 25,000 का स्तर पार किया। लगातार सातवां सत्र बाजार हरे निशान में रहा।

अमेरिका में ब्याज दर कटौती की उम्मीद और डॉलर के कमजोर रुख से भी उभरते बाजारों की ओर खिंचाव बढ़ा, ऐसा विश्लेषक बताते हैं। कच्चे तेल के दाम कुछ नरम पड़ने से भारत के लिए माहौल बेहतर हुआ।

लेकिन यह रफ्तार बनी रहेगी, यह नहीं कहा जा सकता। विदेशी निवेश वैश्विक जोखिम पर टिका होता है। पश्चिम एशिया की हालत बिगड़ी या अमेरिकी ब्याज दर को लेकर उम्मीदें धरी की धरी रह गईं, तो यह सिलसिला थम सकता है।

घरेलू बाजार के लिए यह आंकड़ा राहत देने वाला है। पिछले कुछ महीनों में विदेशी बिकवाली से बाजार दबाव में था। खरीदारी लौटने से संवत 2083 की शुरुआत उम्मीद भरी हो रही है।

आज दिवाली के मुहूर्त सत्र में बाजार एक घंटे के लिए खुलेगा। इस सत्र में बड़े कारोबार की उम्मीद नहीं है, ऐसा बाजार के जानकार कहते हैं।