मुंबई: कोलाबा के लायन गेट के सामने बने 'एस्पिरेशनल' पब्लिक टॉयलेट को गिराने की मांग भाजपा के स्थानीय कॉर्पोरेटर मकरंद नरवेकर ने की है. उन्होंने कहा कि यह कथित रूप से अवैध और अधूरा ढांचा पैदल चलने वालों के रास्ते में है और बीएमसी की 'पेडेस्ट्रियन फर्स्ट' नीति का उल्लंघन करता है.
नरवेकर ने बीएमसी कमिश्नर अश्विनी भिडे, अतिरिक्त नगर आयुक्त विपिन शर्मा और उप नगर आयुक्त किरण दिघावकर (सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट) को चिट्ठी लिखी है. उनका आरोप है कि नगर निकाय ने ढांचे के पास वादा किए गए 0.9 से 1.5 मीटर चौड़े फुटपाथ का इंतजाम नहीं किया.
कॉर्पोरेटर ने कहा कि बीएमसी ने राज्य सरकार को भेजी रिपोर्ट में खुद अपनी पैदल यात्री नीति तोड़ने की बात मानी है, फिर भी रुकावट नहीं हटाई. ढांचा अब भी अधूरा पड़ा है.
उनका सुझाव है कि टॉयलेट की जगह जमीन के नीचे पब्लिक कन्वीनियंस बने, जिसके साथ एयर-कंडीशन्ड आर्ट कैफे, एस्केलेटर और दूसरी सुविधाएं जुड़ें. उन्होंने बीएमसी से इसके लिए टेंडर निकालने की मांग की. उनके मुताबिक सुविधा जमीन के नीचे जाने से पैदल रास्ता वापस मिलेगा, सड़क स्तर पर भीड़ घटेगी और व्यस्त काला घोड़ा इलाके में आवाजाही बेहतर होगी.
नरवेकर ने कहा, 'काला घोड़ा में पेडेस्ट्रियन जोन है, और इलाके में अंडरग्राउंड पार्किंग की योजना चल रही है. प्रस्तावित सुविधा इसकी पर्यटन जगह के तौर पर अपील और बढ़ाएगी. उम्मीद है प्रशासन पुरानी गलतियां सुधारने में तेजी दिखाएगा और पैदल यात्रियों के अधिकारों पर बीएमसी की प्रतिबद्धता निभाएगा.'
एक वरिष्ठ नगर अधिकारी ने कहा, 'कोलाबा के एस्पिरेशनल टॉयलेट को गिराने पर विचार चल रहा है.'